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Aastha Pandey

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Paytm ने लॉन्च किया नया ऐप: अब एआई फीचर से मिलेगा पर्सनल एक्सपीरियंस

PAYTM

डिजिटल भुगतान के क्षेत्र में अग्रणी कंपनी पेटीएम (Paytm) ने अपने प्रमुख ऐप का नया और उन्नत संस्करण लॉन्च किया है। यह नया ऐप अब कृत्रिम मेधा पर आधारित है, जो उपयोगकर्ताओं को पहले से अधिक स्मार्ट और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान करेगा। कंपनी के मुताबिक, ऐप में 15 से अधिक नए फीचर्स जोड़े गए हैं, जो रोजमर्रा के भुगतान को आसान, तेज और सुरक्षित बनाते हैं। नए ऐप में सबसे खास फीचर है एआई आधारित खर्च विश्लेषण (AI Spending Analysis)। यह फीचर उपयोगकर्ता के खर्चों के पैटर्न को समझकर उन्हें व्यवस्थित करता है और उपयोगी सुझाव देता है। इसके अलावा, ‘रिमाइंडर्स फीचर’ जोड़ा गया है, जो ट्यूशन फीस, किराया, बिजली बिल जैसे नियमित भुगतानों की याद दिलाता है ताकि कोई भुगतान छूट न जाए। पेटीएम ने हर भुगतान को खास बनाने के लिए ‘गोल्ड कॉइन रिवॉर्ड’ की शुरुआत भी की है। यानी अब हर ट्रांजैक्शन पर यूजर को एक गोल्ड कॉइन मिलेगा, जिसे डिजिटल गोल्ड में बदला जा सकेगा। कंपनी के संस्थापक और सीईओ विजय शेखर शर्मा (Vijay Shekhar Sharma) ने कहा कि नया ऐप बेहतर डिज़ाइन, तेज़ प्रोसेसिंग और नवीनतम टेक्नोलॉजी के साथ तैयार किया गया है। पेटीएम (Paytm) ने अपने प्रमुख ऐप का बिल्कुल नया संस्करण पेश किया है। यह नया ऐप कृत्रिम मेधा पर आधारित है। इसका उद्देश्य उपयोगकर्ताओं को बेहतर और पर्सनल एक्सपीरियंस देना है। कंपनी ने बताया कि इस ऐप में 15 से अधिक नए फीचर जोड़े गए हैं। साथ ही इसका यूजर इंटरफेस (User Interface) पहले से अधिक साफ और आकर्षक बनाया गया है। नया डिज़ाइन देश के साथ-साथ 12 देशों में रहने वाले एनआरआई (NRI) यूजर्स के लिए भी उपयोगी रहेगा। पेटीएम के संस्थापक और सीईओ (CEO) विजय शेखर शर्मा ने कहा कि “हमने नए पेटीएम ऐप को एक बेहतर डिज़ाइन और एआई आधारित अनुभव के साथ तैयार किया है।” उन्होंने कहा कि यह ऐप खर्च को समझता है, लेनदेन को व्यवस्थित करता है और सुझाव भी देता है। नया ऐप हर भुगतान को खास बनाने का वादा करता है। अब उपयोगकर्ताओं को हर पेमेंट पर ‘गोल्ड कॉइन’ (Gold Coin) मिलेगा। ये कॉइन असली डिजिटल सोने में बदले जा सकते हैं। कंपनी ने इसे “हर पेटीएम पेमेंट को सुनहरा भुगतान” कहकर प्रमोट किया है। नया ऐप हर भुगतान को खास बनाने का वादा करता है। अब उपयोगकर्ताओं को हर पेमेंट पर ‘गोल्ड कॉइन’ मिलेगा। ये कॉइन असली डिजिटल सोने में बदले जा सकते हैं। कंपनी ने इसे “हर पेटीएम पेमेंट को सुनहरा भुगतान” कहकर प्रमोट किया है। इस ऐप का एक प्रमुख फीचर ‘रिमाइंडर्स’ है। यह फीचर उपयोगकर्ताओं को समय पर भुगतान की याद दिलाता है। ऐप आपके नियमित खर्च जैसे ट्यूशन फीस, किराया, बिजली बिल आदि को पहचान लेता है। इसके बाद यह आपको अलर्ट भेजता है ताकि कोई भुगतान छूट न जाए। एआई फीचर की मदद से ऐप आपके खर्चों का विश्लेषण भी करेगा। यह आपके ट्रांजैक्शन पैटर्न (Transaction Pattern) को समझकर सुझाव देगा। साथ ही यह लेनदेन को श्रेणियों में व्यवस्थित करेगा ताकि खर्चों का प्रबंधन आसान हो सके। पेटीएम ने बताया कि इस अपडेट से छोटे और मझोले व्यवसायों (SMEs) को भी लाभ मिलेगा। वे अब तेज, सुरक्षित और स्मार्ट पेमेंट अनुभव का लाभ उठा पाएंगे। नया ऐप भारत में डिजिटल भुगतान को और सुगम व व्यक्तिगत बनाएगा। FAQs 1. पेटीएम का नया ऐप कब लॉन्च हुआ है?पेटीएम ने 2025 में अपने प्रमुख ऐप का नया एआई आधारित संस्करण लॉन्च किया है। 2. नए पेटीएम ऐप में कितने नए फीचर जोड़े गए हैं?इस ऐप में 15 से अधिक नए फीचर शामिल किए गए हैं, जिनमें एआई और रिमाइंडर प्रमुख हैं। 3. रिमाइंडर फीचर क्या करता है?रिमाइंडर फीचर आपको भुगतान की अंतिम तिथि से पहले अलर्ट भेजता है ताकि कोई पेमेंट मिस न हो। 4. क्या नए ऐप में रिवॉर्ड भी मिलेंगे?हां, हर भुगतान पर यूजर्स को ‘गोल्ड कॉइन’ रिवॉर्ड मिलेगा जिसे डिजिटल गोल्ड में बदला जा सकता है। 5. एआई फीचर से उपयोगकर्ताओं को क्या फायदा होगा?एआई फीचर खर्च का रुझान समझता है, ट्रांजैक्शन को व्यवस्थित करता है और व्यक्तिगत सुझाव देता है।

BSNL: दिवाली पर एक महीने के लिए मुफ्त मोबाइल सेवाओं का ऑफर

BSNL offers

BSNL offers free mobile services on Diwali New Delhi: भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) भारत की अग्रणी सरकारी दूरसंचार प्रदाता कंपनी है। इसने दिवाली के अवसर पर नए ग्राहकों को एक महीने की अवधि के लिए केवल एक रुपए के टोकन शुल्क पर 4जी मोबाइल सेवाएं देने की पेशकश की है। यह दिवाली बोनान्हा 15 अक्टूबर से 15 नवंबर 2025 तक जारी रहेगा। योजना लाभ (दिवाली बोनान्जा योजना): असीमित वॉयस कॉल (योजना नियम व शर्तों के अनुसार)2 जीबी/दिन हाई-स्पीड डेटा100 एसएमएस/दिननिःशुल्क सिम (दूरसंचार विभाग के दिशानिर्देशों के अनुसार केवाईसी) BSNL प्रस्ताव की घोषणा करते हुए बीएसएनएल के सीएमडी ए. रॉबर्ट जे. रवि ने कहा बीएसए‌नएल ने हाल ही में देश भर में मेक इन इंडिया अत्याधुनिक 4जी मोबाइल नेटवर्क स्थापित किया है, जो आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को आगे बढ़ा रहा है। दिवाली बोनाम्ग्रा प्लान पहले 30 दिनों के लिए बिल्कुल मुफ्त सेवा शुल्क ग्राहकों को हमारे स्वदेशी रूप से विकसित 4जी नेटवर्क का अनुभव करने का गौरवपूर्ण अवसर प्रदान करता है। हमें विश्वास है कि सेवा की गुणवत्ता, कवरेज और बीएसएनएल ब्रांड से जुड़ा विश्वास ग्राहकों की मुफ्त 30 दिनों की अवधि से भी आगे तक हमारे साथ बने रहने के लिए प्रोत्साहित करेगा। दिवाली बोनान्जा योजना कैसे प्राप्त करें? 1 . निकटतम बीएसएनएल ग्राहक सेवा केंद्र (सीएससी) पर जाएं (वैध केवाईसी दस्तावेज साथ रखें)।

छा गई मारुति! ग्रैंड विटारा पर ₹1.80 लाख तक का डिस्काउंट, माइलेज में भी नंबर वन

मुंबई  मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने अक्टूबर के लिए अपनी कारों पर मिलने वाले डिस्काउंट का अनाउंसमेंट कर दिया है। कंपनी अपनी नेक्सा डीलरशिप पर बिकने वाली प्रीमियम और लग्जरी ग्रैंड विटारा SUV पर 1.80 लाख रुपए तक के बेनिफिट दे रही है। दरअसल, इस SUV के स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड वैरिएंट पर सबसे ज्यादा 1.80 लाख रुपए तक और पेट्रोल वैरिएंट पर 1.50 लाख रुपए (एक्सटेंडेड वारंटी समेत) तक के फायदे हैं। पेट्रोल वैरिएंट पर मिलने वाली डोमिनियन एडिशन एक्सेसरीज की कीमत 57,900 रुपए तक है। वहीं, ग्रैंड विटारा CNG पर 40,000 रुपए तक की छूट मिल रही है। इस SUV को सिग्मा, डेल्टा, जेटा और अल्फा वैरिएंट में खरीद सकते है। अब इसकी नई एक्स-शोरूम 10.76 लाख रुपए हो गई है। मारुति ग्रैंड विटारा वैरिएंट वाइज नई कीमतें 1.5L Normal Petrol-Manual वैरिएंट पुरानी कीमत अंतर नई कीमत चेंज % Sigma Rs. 11,42,000 -Rs. 65,500 Rs. 10,76,500 -5.74% Delta Rs. 12,53,000 -Rs. 43,300 Rs. 12,09,700 -3.46% Zeta Rs. 14,67,000 -Rs. 97,000 Rs. 13,70,000 -6.61% Zeta (O) Rs. 15,27,000 -Rs. 99,000 Rs. 14,28,000 -6.48% Alpha Rs. 16,14,000 -Rs. 94,300 Rs. 15,19,700 -5.84% Alpha (O) Rs. 16,74,000 -Rs. 96,400 Rs. 15,77,600 -5.76% 1.5L Normal Petrol-Auto (TC) Delta Rs. 13,93,000 -Rs. 48,300 Rs. 13,44,700 -3.47% Zeta Rs. 16,07,000 -Rs. 1,02,000 Rs. 15,05,000 -6.35% Zeta (O) Rs. 16,67,000 -Rs. 1,04,000 Rs. 15,63,000 -6.24% Alpha Rs. 17,54,000 -Rs. 99,300 Rs. 16,54,700 -5.66% Alpha (O) Rs. 18,14,000 -Rs. 1,01,400 Rs. 17,12,600 -5.59% Alpha 4WD Rs. 19,04,000 -Rs. 1,04,300 Rs. 17,99,700 -5.48% Alpha (O) 4WD Rs. 19,64,000 -Rs. 1,06,400 Rs. 18,57,600 -5.42% 1.5L Normal CNG-Manual Delta Rs. 13,48,000 -Rs. 48,300 Rs. 12,99,700 -3.58% Zeta Rs. 15,62,000 -Rs. 1,02,000 Rs. 14,60,000 -6.53% 1.5L Hybrid Petrol-Auto (CVT) Delta Plus Rs. 16,99,000 -Rs. 35,700 Rs. 16,63,300 -2.10% Zeta Plus Rs. 18,60,000 -Rs. 68,400 Rs. 17,91,600 -3.68% Zeta Plus (O) Rs. 19,20,000 -Rs. 69,700 Rs. 18,50,300 -3.63% Alpha Plus Rs. 19,92,000 -Rs. 41,800 Rs. 19,50,200 -2.10% Alpha Plus (O) Rs. 20,52,000 -Rs. 95,000 Rs. 19,57,000 -4.63% ग्रैंड विटारा के फीचर्स और स्पेसिफिकेशंस मारुति सुजुकी और टोयोटा दोनों ने मिलकर हाइराइडर और ग्रैंड विटारा को तैयार किया है। हाइराइडर की तरह ग्रैंड विटारा का माइल्ड-हाइब्रिड पावरट्रेन दिया है। यह 1462cc K15 इंजन है जो 6,000 RPM पर लगभग 100 bhp पावर और 4400 RPM पर 135 Nm टॉर्क जनरेट करता है। इसमें माइल्ड हाइब्रिड सिस्टम है और इसे 5-स्पीड मैनुअल या 6-स्पीड टॉर्क कन्वर्टर ऑटोमैटिक के साथ जोड़ा गया है। यह पावरट्रेन भी अब तक AWD ऑप्शन वाला एकमात्र इंजन है। अपने सेगमेंट में ये सबसे ज्यादा माइलेज देने वाली गाड़ी भी है। इसका स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड 27.97kmpl का माइलेज देता है। कंपनी का दावा है कि ये फुल टैंक पर 1200Km तक दौड़ती है। मारुति ग्रैंड विटारा में हाइब्रिड इंजन मिलता है। हाइब्रिड कार में दो मोटर का इस्तेमाल किया जाता है। इसमें पहला पेट्रोल इंजन होता है जो किसी नॉर्मल फ्यूल इंजन वाली कार की तरह होता है। दूसरा एक इलेक्ट्रिक मोटर इंजन होता है, जो आपको इलेक्ट्रिक व्हीकल्स में देखने को मिलता हैं। इन दोनों की पावर का यूज गाड़ी को चलाने में किया जाता है। जब कार फ्यूल इंजन से चलती है तब उसके बैटरी को भी पावर मिलती है जिससे बैटरी अपने आप ही चार्ज हो जाती है। ये जरूरत के समय एक्स्ट्रा पावर के तौर पर किसी इंजन की तरह काम में आती है। ग्रैंड विटारा में EV मोड भी मिलेगा। EV मोड में कार पूरी तरह से इलेक्ट्रिक मोटर के जरिए चलती है। कार की बैटरी, इलेक्ट्रिक मोटर को एनर्जी देती हैं और इलेक्ट्रिक मोटर व्हील्स को पावर देता है। यह प्रोसेस साइलेंटली होता है, इसमें आवाज नहीं होती। हाइब्रिड मोड में कार का इंजन इलेक्ट्रिक जनरेटर की तरह काम करता है और इलेक्ट्रिक मोटर कार के व्हील को चलाती है। ग्रैंड विटारा के किस टायर में कितनी हवा है, इस बात की पूरी जानकारी आपको कार की स्क्रीन पर मिल जाएगी। जी हां, इसमें टायर प्रेशर चेक करने का फीचर मिलेगा। यदि किसी टायर में हवा कम होती है तब इसकी जानकारी आपको ऑटोमैटिक मिलेगी। आप मैनुअली भी टायर्स की हवा चेक कर पाएंगे। ग्रैंड विटारा में भी पैनारोमिक सनरूफ मिलेगी। मारुति अपनी कारों के न्यू मॉडल में 360 डिग्री कैमरा का फीचर ऑफर कर रही है। ग्रैंड विटारा में भी ये फीचर मिलेगा। इससे ड्राइवर कार चलाने में ज्यादा मदद मिलेगी। इससे न केवल ड्राइवर को तंग जगहों पर कार पार्क करने में मदद करेगा, बल्कि ब्लाइंड रास्तों पर मुश्किलों से बचने में मदद करेगा। कार के चारों तरफ का नजारा आप स्क्रीन पर देख पाएंगे। न्यू विटारा में वायरलेस चार्जिंग, डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल, वेंटिलेटेड फ्रंट सीट्स, एडजस्टेबल ड्राइवर सीटर और कनेक्टेड कार टेक्नॉलजी जैसे स्टैंडर्ड फीचर्स मिलेंगे। इसके अलावा, सेफ्टी के लिए इसमें मल्टीपल एयरबैग्स, ABS के साथ EBD, ESE, हिल होल्ड असिस्ट, स्पीड अलर्ट, सीट बेल्ट, पार्किंग सेंसर, 360 डिग्री कैमरा समेत कई सेफ्टी फीचर्स दिए हैं।

RBI की बड़ी कार्रवाई: इस बैंक में फंसे ग्राहकों के पैसे, सिर्फ 10,000 रुपए निकालने की मंजूरी

नई दिल्ली भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने हिमाचल प्रदेश के सोलन स्थित द बघाट अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए हैं। अब यह बैंक न तो नए डिपॉजिट स्वीकार कर सकेगा और न ही नए लोन जारी कर पाएगा। इतना ही नहीं, बैंक अपनी देनदारियों के भुगतान पर भी रोक का सामना करेगा। क्या हैं RBI के ताज़ा निर्देश?     बिना पूर्व अनुमति नया ऋण या जमा स्वीकार नहीं होगा।     बैंक अपनी मौजूदा वित्तीय देनदारियाँ पूरी नहीं कर पाएगा।     हालिया निरीक्षण में सामने आई गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के बाद यह कदम उठाया गया। ग्राहकों के लिए क्या नियम?     बैंक से निकासी सीमा सिर्फ ₹10,000 तय की गई है।     ग्राहकों की जमा राशि का उपयोग उनके बकाया ऋण के समायोजन में किया जा सकता है। बीमा सुरक्षा का क्या होगा? RBI ने साफ किया है कि ग्राहकों की जमा राशि पर DICGC बीमा कवर जारी रहेगा।     हर जमाकर्ता को अधिकतम ₹5 लाख तक बीमा सुरक्षा मिलेगी।     यह सुरक्षा उनके खाते की स्थिति और अधिकार के अनुसार लागू होगी। लाइसेंस रद्द नहीं RBI ने यह भी स्पष्ट किया है कि ये पाबंदियाँ लाइसेंस रद्द करने के बराबर नहीं हैं। बैंक सीमित शर्तों के तहत अपना संचालन जारी रखेगा।

UPI पेमेंट का नया दौर: चेहरे से तुरंत भुगतान — सुरक्षा और तरीका एक नज़र में

नई दिल्ली NPCI (नेशनल पेमेंट कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया) और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने नए डिजिटल पेमेंट फीचर्स का ऐलान किया है. नए फीचर के तहत बिना PIN के भी UPI पेमेंट की जा सकेगी. अभी तक UPI पेमेंट करने के लिए यूजर्स को पिन एंटर करना होता था, लेकिन अब यूजर्स बायोमैट्रिक्स के जरिए पेमेंट कर सकेंगे.  साथ ही स्मार्ट ग्लासेस के जरिए भी पेमेंट हो सकेगी. इससे UPI का इस्तेमाल आसान होगा. यूजर्स किसी भी पेमेंट को वेरिफाई करने के लिए अपने फिंगरप्रिंट या फेस अनलॉक का इस्तेमाल PIN की जगह कर सकते हैं. ये फीचर यूजर्स को मैन्युअली सेट करना होगा.  इन बातों का रखें ध्यान  शुरुआत में बायोमैट्रिक्स के जरिए UPI पेमेंट को सीमित रखा गया है. यूजर्स 5000 रुपये तक की ही पेमेंट इसके जरिए कर सकते हैं. स्मार्टफोन के जरिए होने वाले UPI पेमेंट में बायोमैट्रिक्स का इस्तेमाल किया जा सकेगा. माना जा रहा है कि इससे UPI पेमेंट आसान और सुरक्षित तरीके से होंगे.  इस फीचर के आने के बाद यूजर्स को अब PIN एंटर नहीं करना होगा. हालांकि, बड़ी पेमेंट्स के लिए अभी भी बायोमैट्रिक्स की जरूरत होगी. UPI की ये सर्विस शुरू हो गई है. हालांकि, अभी ज्यादातर UPI सर्विस ऑफर करने वाले ऐप्स पर ये सुविधा नहीं मिल रही है. आइए जानते हैं आप इस सर्विस को एक्टिवेट कैसे कर सकते हैं.  कैसे इस्तेमाल कर सकेंगे बायोमैट्रिक्स ऑथेंटिकेशन?      सबसे पहले आपको UPI ऐप ओपन करना होगा. इसके बाद आपको एक नई पेमेंट शुरू करनी होगी.       इसके लिए आप किसी QR कोड को स्कैन कर सकते हैं या फिर किसी कॉन्टैक्ट को चुन सकते हैं.      अब आपको पेमेंट का अमाउंट एंटर करना होगा. फिर बैंक चुनना होगा जिससे पैसे ट्रांसफर करना चाहते हैं.      जब आपसे UPI PIN एंटर करने के लिए कहा जाए, तो आपको यूज बायमैट्रिक का विकल्प चुनना होगा. हालांकि, ये विकल्प अभी ज्यादातर ऐप्स पर नहीं दिख रहा है.      आपको अपना फिंगरप्रिंट या फेस ऑथेंटिकेट करना होगा. इसके बाद कन्फर्मेशन मैसेज का इंतजार करना होगा. कन्फर्मेशन के बाद पेमेंट ऑटोमेटिक हो जाएगी.  

करवाचौथ पर सोने की कीमत में राहत, आज का रेट जानें और समझदारी से करें खरीदारी

नई दिल्ली रिकॉर्ड हाई पर पहुंचने के बाद आज गोल्‍ड और सिल्‍वर के दाम में गिरावट देखी जा रही है. मल्‍टी कमोडिटी मार्केट में सोने और चांदी का दाम कम हुआ है, जिसका असर सर्राफा बाजार पर भी देखने को मिलेगा. ग्‍लोबल मार्केट में उतार-चढ़ाव के बीच निवेशकों द्वारा ऊंची कीमतों पर मुनाफावसूली के कारण गोल्‍ड और सिल्‍वर के दाम में गिरावट आई है.  वहीं कल तक सोना और चांदी अपने रिकॉर्ड हाई पर कारोबार कर रहे थे. चांदी कल 1.50 लाख रुपये के पार पहुंच गई थी, तो वहीं गोल्‍ड का रेट 1 लाख 23 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम के पार जा पहुंचा था. हालांकि आज इन दोनों मेटल की कीमत गिरी है.  मल्टी कमोडिटी मार्केट (MCX) पर आज सोना 5 दिसंबर वायदा बाजार के लिए 337 रुपये कम होकर 122872 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है. वहीं 5 दिसंबर वायदा के लिए 1 किलो चांदी की कीमत 875 रुपये कम होकर 148980 रुपये पर कारोबार कर रही है. आज सोने का हाई लेवल 123200 रुपये प्रत‍ि 10 ग्राम है, जबकि निचला स्‍तर 122111 रुपये प्रति 10 ग्राम है. सिल्‍वर प्राइस का आज हाई लेवल 149450 रुपये और निचला स्‍तर 143900 रुपये प्रति किलो है.  कल रिकॉर्ड हाई पर था सोना एमसीएक्‍स पर सोना गुरुवार को करीब 2000 रुपये चढ़कर 123450 रुपये पर पहुंच गया था, जबकि चांदी में 3000 रुपये प्रति किलो से भी ज्‍यादा तेजी देखी गई थी और यह 150282 रुपये प्रति किलो पहुंच गया था. वहीं सर्राफा बाजार में आज सोने और चांदी के भाव में तेजी देखी जा रही है.  IBJA पर 24 कैरेट सोना 1,22,570 रुपये प्रति 10 ग्राम है. 22 कैरेट गोल्‍ड प्राइस 1,22,079 रुपये और 18 कैरेट गोल्‍ड प्राइस 91,928 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है. चांदी की बात करें तो आईबीजेए पर सिल्‍वर प्राइस 154100 रुपये प्रति किलो पर है.  आपके शहर में गोल्‍ड प्राइस      आज दिल्‍ली में 10 ग्राम गोल्‍ड का रेट ₹1,24,300 है.      अहमदाबाद में 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्‍ड प्राइस ₹1,24,200 है.      चेन्‍नई में 24 कैरेट 10 ग्राम गोल्‍ड प्राइस ₹1,24,370 है.      पटना में 24 कैरेट 10 ग्राम गोल्‍ड प्राइस ₹1,24,200 है.      लखनऊ में 24 कैरेट 10 ग्राम ग्रोल्‍ड प्राइस आज ₹1,24,300 है.  कीमतों में बढ़ोतरी क्‍यों हो रही है?  इस साल सोने की कीमतों ने शानदार रिटर्न दिया है. 2025 में अब तक घरेलू हाजिर सोना 50% से ज्‍यादा उछल चुका है, जिसे कई वैश्विक कारकों का सपोर्ट मिला है. मौजूदा भू-राजनीतिक और आर्थिक तनाव, अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद, कमजोर डॉलर, केंद्रीय बैंकों की मजबूत खरीदारी, और गोल्ड एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड्स (ETF) में लगातार निवेश के कारण सोना और चांदी में तेजी देखी जा रही है.

शेयर मार्केट में जोरदार उछाल: निवेशकों की बढ़ी उम्मीदें, निफ्टी पार 25150

मुंबई  भारतीय शेयर बाजार एक बार फिर से रिकवरी मोड में है। सप्ताह के चौथे दिन यानी गुरुवार को सेंसेक्स 398.44 अंक की छलांग के साथ 82,172.10 अंक पर और निफ्टी 135.65 अंक के लाभ से 25,181.80 अंक पर बंद हुआ। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स अब 268 अंक ऊपर 82042 पर पहुंच गया है। जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी अभी 98 अंक उछलकर 25144 पर है। एनएसई पर 3085 स्टॉक्स ट्रेड कर रहे हैं। इनमें 1476 हरे और 1521 लाल निशान पर हैं। 87 में अपर और 50 में लोअर सर्किट लगा है। कुल 78 शेयर अपने 52 हफ्ते के हाई पर और 82 लो पर हैं। शेयर मार्केट की चाल एक बार फिर बदल गई है। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स शतकीय शुरुआत के बाद अब 293 अंक ऊपर 82067 पर पहुंच गया है। जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी अभी 105 अंक उछलकर 25151 पर है। एनएसई पर जिंदल फोटो 20 पर्सेंट की छलांग लगा कर अपर सर्किट पर है। नागरिका कैपिटल एंड इन्फ्रा में भी 20 पर्सेंट की तेजी है। शेयर मार्केट की चाल एक बार फिर बदल गई है। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स अब 140 अंक ऊपर 81914 पर पहुंच गया है। जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी अभी 62 अंक ऊपर 25108 पर है। निफ्टी टॉप गेनर्स की लिस्ट में टाटा स्टील, डॉक्टर रेड्डी, एचसीएल टेक, जेएसडब्ल्यू स्टील और इंडिगो के शेयर हैं। शेयर मार्केट अच्छी शुरुआत के बाद लड़खड़ा गया है। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स शतकीय शुरुआत के बाद अब 96 अंक नीचे 81677 पर आ गया है। जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी अभी 4 अंक ऊपर 25042 पर है। शेयर मार्केट की शुरुआत आज शानदार रही। बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स ने शतकीय शुरुआत की। आज गुरुवार को 126 अंकों की बढ़त के साथ सेंसेक्स 81900 पर खुला। जबकि, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का 50 शेयरों वाला बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 28 अंक ऊपर 25074 के लेवल पर खुलने में कामयाब रहा। गाजा में युद्ध समाप्त करने के लिए इजरायल और हमास के बीच संघर्ष विराम समझौते के लिए सहमत होने के बाद मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव कम होने के बीच वैश्विक बाजारों में तेजी के बाद घरेलू शेयर मार्केट के बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी 50 के गुरुवार को तेजी से खुलने की उम्मीद है। एशियाई बाजारों में रौनक रही, जबकि अमेरिकी शेयर बाजार तेजी के साथ बंद हुए। एसएंडपी 500 और नैस्डैक ने ऑल टाइम हाई पर बंद हुए। आज के लिए क्या हैं ग्लोबल संकेत वॉल स्ट्रीट पर रात भर में तेजी के बाद एशियाई बाजारों में गुरुवार को बढ़त रही। जापान के निक्केई 225 इंडेक्स में 1.32 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि टॉपिक्स इंडेक्स 0.36 प्रतिशत बढ़ा। हांगकांग के हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने उच्च शुरुआत का संकेत दिया, जबकि दक्षिण कोरियाई बाजार छुट्टी के लिए बंद हैं। गिफ्ट निफ्टी टुडे गिफ्ट निफ्टी 25,150 के आसपास कारोबार कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद भाव से करीब 30 अंक का प्रीमियम था। यह भारतीय शेयर बाजार के सूचकांकों के लिए सकारात्मक शुरुआत का संकेत देता है। वॉल स्ट्रीट का हाल अमेरिकी शेयर बाजार बुधवार को ज्यादातर उच्च स्तर पर बंद हुए। टेक शेयरों के नेतृत्व में एसएंडपी 500 और नैस्डैक ने ऑल टाइम हाई क्लोजिंग देखा। डॉऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज महज 1.20 अंक या 0.00 प्रतिशत गिरकर 46,601.78 पर आ गया, जबकि एसएंडपी 500 39.13 अंक या 0.58 प्रतिशत बढ़कर 6,753.72 पर पहुंच गया। नैस्डैक कंपोजिट 255.02 अंक या 1.12 प्रतिशत बढ़कर 23,043.38 पर बंद हुआ। इजरायल-हमास युद्ध अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि इस्राइल और हमास लड़ाई रोकने और कम से कम कुछ बंधकों और कैदियों को रिहा करने की अपनी शांति योजना के 'पहले चरण' पर सहमत हो गए हैं। एएफपी ने बताया कि गाजा में इजरायल और हमास के बीच संघर्ष विराम समझौते के पहले चरण पर गुरुवार को मिस्र में हस्ताक्षर किए जाएंगे। सोने की कीमतें 4,000 डॉलर प्रति औंस के ऊपर पहुंचने के बाद सोने की कीमतों में गिरावट आई है। पिछले सत्र में 0.7 प्रतिशत अधिक बंद होने के बाद बुलियन 0.7 प्रतिशत गिरकर लगभग 4,015 डॉलर प्रति औंस हो गया।  

टैरिफ हटने से फार्मा शेयरों को बड़ा फायदा, अमेरिकी फैसले से बढ़ी उम्मीदें

वाशिंगटन अमेरिका से गुरुवार को एक गुड न्यूज आई है. तमाम रिपोर्ट्स में ऐसा संकेत दिया जा रहा है कि डोनाल्ड ट्रंप अपने फार्मा प्रोडक्ट्स पर 100% टैरिफ ऐलान से जेनेरिक दवाओं को दूर रख सकते हैं. US में बिकने वाली ज्यादातर दवाओं पर शुल्क लगाने के मुद्दे पर महीनों की बहस के बाद, ट्रंप प्रशासन ने कहा है कि वह विदेशी देशों से आने वाली जेनेरिक दवाओं पर शुल्क लगाने की योजना नहीं बना रहा है. बता दें ये भारत के लिए राहत भरी खबर है, क्योंकि देश से भारी मात्रा में ऐसे दवाओं का निर्यात अमेरिका को किया जाता है. इसके साथ ही इन रिपोर्ट्स के बाद फार्मा स्टॉक्स भी फोकस में हैं.  जेनेरिक दवाओं रह सकती हैं टैरिफ से दूर! वॉल स्ट्रीट जर्नल की एक ताजा रिपोर्ट में ऐसे संकेत दिए हैं कि ट्रंप प्रशासन आने वाले हफ्तों में फार्मा टैरिफ को लेकर अपने रुख में बदलाव कर सकता है. इसमें कहा गया है कि ट्रंप प्रशासन जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ से अलग रख सकता है. बता दें कि ट्रंप द्वारा ब्रांडेड और पेटेंटेड विदेशी फार्मा प्रोडक्ट्स 100% टैरिफ लगाए जाने के ऐलान के बाद से ही जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ को लेकर काफी आशंकाएं और अटकलें चल रही हैं. रिपोर्ट के बाद शेयर बाजार में कारोबार के दौरान फार्मा स्टॉक्स में हरियाली भी देखने को मिल रही है.  भारत को कहा जाता है ‘दुनिया की फार्मेसी’ आईक्यूवीआईए (IQVIA) नामक वैश्विक चिकित्सा डेटा एनालिटिक्स कंपनी के अनुसार, अमेरिका में फार्मेसियों में बेची जाने वाली कुल जेनेरिक दवाओं में से 47 प्रतिशत दवाएं भारत से आती हैं। अमेरिका के घरेलू निर्माता करीब 30 प्रतिशत की हिस्सेदारी रखते हैं, जबकि बाकी हिस्सा अन्य देशों से आता है। जिसमें भारत की सबसे ज्यादा हिस्सेदारी है। यही वजह है कि भारत को ‘दुनिया की फार्मेसी’ कहा जाता है। वाइट हाउस का यू-टर्न वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, यह कदम अमेरिकी वाणिज्य विभाग द्वारा चल रही दवाओं पर टैरिफ जांच के दायरे को सीमित करता है। अप्रैल में शुरू हुई इस जांच में पहले कहा गया था कि “जेनेरिक और नॉन-जेनेरिक दोनों प्रकार की तैयार दवाओं” के साथ-साथ दवा निर्माण में उपयोग होने वाले कच्चे माल (ड्रग इंग्रेडिएंट्स) को भी जांच के दायरे में रखा जाएगा। लेकिन वाइट हाउस के भीतर इस पर भारी खींचतान देखने को मिली। ‘मेक अमेरिका ग्रेट अगेन’ (MAGA) गुट के कठोरपंथी सदस्य चाहते थे कि दवा निर्माण को वापस अमेरिका में लाया जाए और इसके लिए विदेशी दवाओं पर भारी टैरिफ लगाया जाए। उनका तर्क था कि यह “राष्ट्रीय सुरक्षा” से जुड़ा मामला है। हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप की घरेलू नीति परिषद के कुछ सदस्य इस फैसले के खिलाफ थे। उन्होंने दलील दी कि यदि जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ लगाया गया, तो अमेरिका में दवाओं की कीमतें बढ़ेंगी और दवाओं की कमी भी हो सकती है। साथ ही, जेनेरिक दवाओं का उत्पादन भारत जैसे देशों में इतना सस्ता है कि भारी टैरिफ लगाने के बाद भी अमेरिकी उत्पादन आर्थिक रूप से फायदेमंद नहीं होगा। ट्रंप की ‘टैरिफ पॉलिसी’ पर फिर सवाल ट्रंप प्रशासन पहले भी अपने टैरिफ युद्धों के कारण आलोचनाओं में रहा है। चीन पर लगाए गए टैरिफ के बाद चीन ने अमेरिकी कृषि उत्पादों, खासकर सोयाबीन की खरीद बंद कर दी, जिससे अमेरिकी किसान बुरी तरह प्रभावित हुए। अब अमेरिकी सरकार को किसानों की मदद के लिए 16 अरब डॉलर की सब्सिडी देनी पड़ रही है। अर्थशास्त्रियों का कहना है कि इन सब्सिडियों का असली बोझ अंततः अमेरिकी उपभोक्ता पर ही पड़ेगा। एक किसान ने सोशल मीडिया पर नाराजगी जताते हुए लिखा, “सरकार हमसे पैसा वसूल रही है और वही पैसा हमें वापस दे रही है।” ऐसे में, ट्रंप प्रशासन ने शायद यह महसूस किया कि जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ लगाकर जनता को एक और “कड़वी दवा” नहीं दी जा सकती। भारतीय दवाओं से अमेरिकी स्वास्थ्य प्रणाली को मिली भारी बचत अनुमानों के अनुसार, साल 2022 में भारतीय जेनेरिक दवाओं ने अमेरिकी स्वास्थ्य प्रणाली को करीब 219 अरब डॉलर की बचत कराई। पिछले एक दशक में यह बचत 1.3 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच गई। भारतीय कंपनियों की अहम भूमिका टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, 2022 में सिप्ला, सन फार्मास्युटिकल्स और डॉ. रेड्डीज लैबोरेट्रीज जैसी भारतीय कंपनियों ने अमेरिका में कोलेस्ट्रॉल, हाई ब्लड प्रेशर, अवसाद, अल्सर और नर्वस सिस्टम डिसऑर्डर जैसी प्रमुख बीमारियों के इलाज के लिए दी जाने वाली दवाओं में आधे से अधिक प्रिस्क्रिप्शन सप्लाई किए। इनमें मेटफॉर्मिन (डायबिटीज), एटोरवास्टेटिन (कोलेस्ट्रॉल), लोसार्टन (ब्लड प्रेशर), और आम एंटीबायोटिक्स (एमॉक्सिसिलिन, सिप्रोफ्लोक्सासिन) जैसी दवाएं शामिल हैं, जो अमेरिकी मरीजों के इलाज में रोजाना उपयोग की जाती हैं।

GPay-पेेटीएम को मिलेगी कड़ी टक्कर, Zoho उतरा पेमेंट वॉर में

 नई दिल्ली     स्वदेशी कंपनी Zoho इन दिनों सुर्खियों में है. हाल ही में कंपनी का इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप Arattai काफी पॉपुलर हुआ है और सरकार भी इसे प्रोमोट कर रही है. अब कंपनी हार्डवेयर स्पेस के लिए बड़ी तैयारी में दिख रही है.  Zoho ने अब पॉइंट ऑफ सेल डिवाइसेज यानी POS मशीन बेचना शुरू कर दिया है. इसमें इंटीग्रेटेड QR डिवाइसेज और साउंड बॉक्स शामिल हैं. भारत में फिलहाल Paytm और PhonePay के POS डिवाइसेज पॉपुलर हैं और ज्यादर रिटेल स्टोर्स पर यही पेमेंट ऑप्शन देखने को मिलता है. Zoho Payments के तहत लॉन्च किया गया ये POD डिवाइस पेटीएम और फोनपे सहित गूगल पे को कड़ी टक्कर दे सकता है. कंपनी के स्मार्ट POS डिवाइस में टच स्क्रीन इंटरफेस के साथ इनबिल्ट प्रिंटर भी है जो तुरंत रीसीट को प्रिंट कर देता है. Zoho का पेमेंट टर्मिनल 4G, WiFi और ब्लूटूथ सपोर्ट करता है. इस मशीन के जरिए मर्चेंट्स चिप कार्ड्स, UPI और QR कोड से पेमेंट ले सकते हैं. Zoho Payment के सीईओ ने कहा है कि ये कंपनी का नेचुरल एक्सपैंशन है जो 2024 में शुरू किया गया था. हालांकि तब सॉफ्टवेयर बेस्ड पेमेंट सल्यूशन था. कंपनी तब से किसी भी डिवाइसेज में ऑनलाइन पेमेंट सपोर्ट देती थी. अब कंपनी ने हार्डवेयर भी पेश कर दिया है. चूंकि Zoho के पास छोटे बिजनेस मैनेज करने के सभी टूल्स हैं, इसलिए पेमेंट टर्मिनल में भी उनका सपोर्ट देखने को मिलेगा. यानी मर्चेंट्स रियल टाइम पेमेंट ट्रैकिंग से लेकर पूरा लेखा जोखा एक जगह पर पा सकेंगे. बिजनेसेज के लिए युनिफाइड डैशबोर्ड भी है जहां से पेमेंट्स और बिलिंग की तमाम जानकारी रिटेलर्स और मर्चेंट्स को आसानी से मिल सकेगी. एडवांस्ड सिक्योरिटी के लिए Zoho ने PCI DSS सर्टिफाइड रखा है. अरट्टई हो रहा है पॉपुलर WhatsApp भारत में सबसे ज्यादा यूज किया जाने वाला इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप है. लेकिन अब Zoho का Arattai ऐप आ चुका है जो स्वदेशी है. इस ऐप पर चैटिंग के अलावा कॉलिंग और मीटिंग जैसे फीचर्स दिए गए हैं. अब तक चैटिंग में Arattai ने एंड टू एंड एन्क्रिप्शन नहीं दिया है, लेकिन कंपनी ने कहा है कि जल्द ही Arattai के चैट्स में एंड टू एंड एन्क्रिप्शन दिया जाएगा. गौरतलब है कि एंड टू एंड एन्क्रिप्शन को चैटिंग प्राइवेसी और सिक्योरिटी के लिए गोल्ड स्टैंडर्ड माना जाता है. इस एन्क्रिप्शन के आ जाने के बाद Arattai पर की गई चैटिंग का डेटा कोई भी ऐक्सेस नहीं कर पाएगा. बिना एन्क्रिप्शन चैटिंग के साथ मुश्किल ये है कि पर्सनल डेटा हैकर्स या खुद कंपनी ऐक्सेस कर सकती है. WhatsApp में काफी पहले से एंड टू एंड एन्क्रिप्शन है जिसे इंडिपेंडेट सिक्योरिटी रिसर्चर्स ने कई बार ऑडिट भी किया है. देखना दिलचस्प होगा कि स्वदेशी Arattai कैसे WhatsApp को टक्कर देता है.

भारत तैयार है अगली क्रांति के लिए, 6G में बनेगा ग्लोबल लीडर

मुंबई  नई दिल्ली के यशोभूमि कन्वेंशन सेंटर में 2025 एशिया का सबसे बड़ा टेक इवेंट इंडिया मोबाइल कांग्रेस (IMC) शुरू हो चुका है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका उद्घाटन किया और भाषण में उन्होंने भारत की अपनी टेक्नोलॉजी की बड़ी उपलब्धि देश की होमग्रोन 4G स्टैक का ज़िक्र किया. उन्होंने इसे भारत की इंडिजिनस (स्वदेशी) तकनीक के विकास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर बताया है. पीएम मोदी ने कहा कि यह नई 4G प्रणाली न सिर्फ तेज़ इंटरनेट स्पीड और निर्बाध कनेक्टिविटी प्रदान करेगी, बल्कि सेवाओं को भी ज्यादा भरोसेमंद बनाएगी. उन्होंने बताया कि देश में 1 लाख 4G टावर लगाए जा चुके हैं, जिसने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान आकर्षित किया है. इसके अलावा, यह Made-in-India 4G स्टैक अब निर्यात के लिए तैयार है, जो भारत की तकनीकी क्षमताओं को दुनिया के सामने पेश करता है. उन्होंने पिछले दशक के अनुभव को देखते हुए कहा कि देश की तेजी से बढ़ती डिजिटल टेक्नोलॉजी को सपोर्ट करने के लिए एक आधुनिक कानूनी ढांचा भी जरूरी है. इस अवसर पर संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि भारत की तकनीकी महत्वाकांक्षा केवल 5G तक सीमित नहीं है. भारत का लक्ष्य 6G में 10% वैश्विक पेटेंट हासिल करना है. उन्होंने यह भी बताया कि सैटेलाइट कम्युनिकेशन का बाजार 2033 तक तीन गुना बढ़कर लगभग 15 अरब डॉलर का हो जाएगा. सिंधिया ने कहा कि सैटकॉम आज जमीन से लेकर समुद्र और अंतरिक्ष तक कनेक्टिविटी बढ़ा रहा है. उन्होंने जोर दिया कि इस पूरी तकनीकी क्रांति के पीछे सबसे बड़ी ताकत भारत के लोग हैं. आने वाले समय में भारत दुनिया की सबसे बड़ी डिजिटल रूप से सक्षम ताकत बन जाएगा. ग्लोबल लेवल पर लीडर बना भारत सिंधिया ने भारत की डिजिटल नेतृत्व की दिशा की भी बात की और कहा कि देश अब तकनीक में पीछे रहने वाला नहीं बल्कि ग्लोबल लेवल पर डिजिटल पर अग्रणी बन गया है. उन्होंने कहा, ‘वो दिन दूर नहीं जब लोग कहेंगे कि दुनिया भारत पर निर्भर है. मैं आपसे आग्रह करता हूं कि यहां डिज़ाइन करें, यहां समाधान करें और उसे हर जगह स्केल करें. भारत नवाचार करता है, और दुनिया बदलती है.’ उन्होंने ये भी बताया कि भारत अब सिर्फ सेवा राष्ट्र (Service Nation) नहीं बल्कि उत्पादक राष्ट्र (Product Nation) बन गया है. प्रधानमंत्री के PLI (Production-Linked Incentive) योजना के जरिए अब तक लगभग 91,000 करोड़ रुपये का नया उत्पादन हुआ है, 18,000 करोड़ रुपये का निर्यात बढ़ा है और 30,000 नए रोजगार पैदा हुए हैं. इवेंट में पीएम मोदी ने कहा, ‘आज देश में 1GB वायरलेस डेटा की कीमत एक कप चाय से भी कम है,’ जो बताता है कि डिजिटल सेवाएं अब हर आम आदमी की पहुंच में हैं. उन्होंने ये भी ज़ोर देकर कहा कि देश में अब साइबर फ्रॉड को रोकने के लिए कानून को और मज़बूत किया गया है और ग्रिवेंस रिड्रेसल सिस्टम भी बेहतर हुआ है.’ कुल मिलाकर, इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2025 ने भारत की तकनीकी उपलब्धियों और भविष्य की महत्वाकांक्षाओं को उजागर किया. 4G और 5G नेटवर्क के विस्तार, सैटेलाइट कम्युनिकेशन, 6G के लिए तैयारी और डिजिटल कौशल में निवेश भारत को विश्व स्तर पर एक मजबूत तकनीकी ताकत बना रहा है.