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amit kumar

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Bhopal News: अस्थाई श्रमिकों को बोनस का भुगतान करने की अपील, मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

temporary workers

Appeal to pay bonus to temporary workers letter written to Chief Minister भोपाल। सरकार मप्र प्रदेश के अस्थाई श्रमिकों को पिछले 20 वर्ष से बोनस भुगतान का भुगतान नहीं किया है. यह कहना है मप्र कर्मचारी मंच के प्रदेश अध्यक्ष का. अध्यक्ष ने प्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर मांग की है कि शासकीय अर्द्ध शासकीय विभागो, निगम मंडलों सहकारी संस्थाओं, परिषदों संघो में कार्यरत समस्त अस्थाई श्रमिकों को 30 नवंबर  तक बोनस भुगतान किया जाए. कर्मचारियों को भुगतान नहीं मिलने पर राज्य भर के श्रमिक, कर्मचारी मंच के बैनर तले आंदोलन करेंगे. ₹21000 से कम वेतन मध्य प्रदेश कर्मचारी मंच के प्रदेश अध्यक्ष अशोक पांडे ने बताया है कि प्रदेश के शासकीय  अर्द्ध शासकीय  विभागों में लाखों अस्थाई श्रमिक वर्षों से कार्यरत हैं लेकिन, बोनस भुगतान अधिनियम 1965 में स्पष्ट प्रावधान होने के बावजूद भी राज्य सरकार अस्थाई श्रमिकों को पिछले 20 वर्ष से बोनस भुगतान नहीं कर रही है. राज्य सरकार की यह अपेक्षा श्रमिकों के श्रम अधिकारों का स्पष्ट उल्लंघन है. उन्होंने कहा कि श्रम अधिनियम में स्पष्ट प्रावधान है कि जिस भी संस्था में 20 से अधिक अस्थाई श्रमिक काम कर रहे हैं और ₹21000 से कम वेतन प्राप्त करते हैं. उन्हें बोनस राशि 7000 या 8. 33% जो राशि अधिक हो बोनस भुगतान के रूप में सरकार एवं संस्थाओं को भुगतान करना चाहिए. यह भुगतान वर्ष के 30 नवंबर तक आवश्यक रूप से किया जाना चाहिए लेकिन राज सरकार और संस्थानों उद्योग जगत श्रमिकों के बोनस अधिकार को संज्ञान में नहीं ले रहा है. इसलिए मध्य प्रदेश शासन श्रम विभाग ने भी स्पष्ट निर्देश जारी करें हैं कि श्रमिकों को 30 नवंबर तक बोनस भुगतान किया जाए मध्य प्रदेश कर्मचारी मंच श्रमिक प्रकोष्ठ में निर्णय लिया है कि यदि वर्ष 2025 में प्रदेश के अस्थाई श्रमिकों को बोनस भुगतान नहीं किया गया है. 

Bhopal News: आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, अवैध शराब ठिकानों पर मारा छापा

Excise Department

Major action by the Excise Department raids on illegal liquor dens भोपाल. राजधानी में आबकारी विभाग ने रविवार को बड़ी कार्रवाई की. शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए अवैध शराब को बरामद कर इसे नष्ट किया गया. आबकारी टीम ने अवैध शराब बनाने वालों के खिलाफ भी प्रकरण दर्ज किया है. 470 किलो महुआ लाहन आबकारी टीम ने बताया है कि शहर के कोलार क्षेत्र के कजलीखेड़ा, ढोली, मावडिया और गोंदीपुरा गांवों में अवैध शराब बनने की जानकारी आबकारी विभाग को मिली, इन स्थानों पर टीम ने दबिश दी. कार्रवाई में 470 किलो महुआ लाहन और 20 लीटर हाथभट्टी शराब बरामद कर मौके पर ही इसे नष्ट किया गया. आबकारी टीम ने अब तक 7 प्रकरण दर्ज किए है. बीडीए कॉलोनी आकृति से 6 बोतल अंग्रेजी शराब भी जब्त हुई. जब्त शराब की कीमत करीब ₹3.5 लाख बताई गई. अभियान जारी रहेगा शहर में यह कार्रवाई मनीष द्विवेदी के नेतृत्व में की गई है. सहायक आबकारी आयुक्त वीरेंद्र धाकड़ ने कहा है कि अवैध शराब के खिलाफ अभियान जारी रहेगा. कलेक्टर भोपाल के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई है.

Bhopal News: शिवमंदिर का फिर निर्माण कराएगा समदड़िया ग्रुप, प्रदर्शन के बाद मांगी माफी

Bhopal Shiv temple

भोपाल। शहर के हनुमानगंज क्षेत्र में तोड़े गए शिवमंदिर का पुनः निर्माण समदड़िया ग्रुप कराएगा. मंदिर निर्माण को लेकर श्री हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी और बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने शनिवार को प्रदर्शन किया. प्रदर्शन के दौरान शिव मंदिर तोड़ने वालों पर कार्यवाही और मंदिर के पुनर्निर्माण की मांग की गई. अधिकारियों ने मांगी माफी हनुमानगंज में समदड़िया ग्रुप की ओर से मंदिर तोड़ने को लेकर की गई कार्रवाई पर ग्रुप के अधिकारियों ने माफी मांगकर, मंदिर शीघ्र निर्माण कराने का लेटर पैड में लिखित दिया है. यह जानकारी श्री हिंदू उत्सव समिति के प्रवक्ता बालिस्ता रावत ने साझा की. रावत ने बताया कि संस्कृति बचाओ मंच और श्री हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी की अगुवाई में अन्य संगठन की उपस्थिति में रेल प्रशासन व समदड़िया ग्रुप के खिलाफ प्रदर्शन किया गया. वर्षों पुराना शिवलिंग चंद्रशेखर तिवारी ने मंडल रेल प्रबंधक व समदड़िया ग्रुप के अधिकारियों से लिखित में माफी मांगने की बात कही. बालिस्ता रावत ने बताया कि पश्चिम रेल्वे कालोनी पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास स्थित वर्षों पुराने शिवलिंग मंदिर को जेसीबी मशीन से तोड़ दिया गया था. मंदिर के टूटने की जानकारी मिलने पर हिन्दू संगठन सक्रिए हुए और समदड़िया ग्रुप के खिलाफ मुहिम छेड़ दी.

Religious: श्री जी के भामंडल की स्थापना, संस्कार और आचरण में परिवर्तन आना चाहिये

Religious

Religious change in the establishment of Shri Ji Bhamandal भोपाल। धार्मिक क्रिआओं तथा संत समागम से संस्कार और आचरण में परिवर्तन आना चाहिये-“भाव से ही भव सुधरता है और भाव से ही भव विगड़ता है”-“भाव शुद्धी हमारे धर्माचरण का मुख्य लक्ष्य होंना चाहिये उपरोक्त उदगार मुनि श्री प्रमाण सागर महाराज ने सोनागिरि स्थित दि. जैन मंदिर में प्रवास के दौरान व्यक्त किये। प्रवक्ता अविनाश जैन विद्यावाणी ने बताया प्रातःकाल मुनि के मुखारविंद से पिपलानी दि.जैन मंदिर में शांतिधारा संपन्न हुई तत्पश्चात सोनागिरि दि. जैन मंदिर में पधारे एवं भगवान के मस्तक पर तीन खंड का छत्र एवं श्री जी के भामंडल की स्थापना कराई। इस अवसर पर मुनि श्री ने सोनागिरि क्षेत्र के लोगों की सराहना करते हुये कहा अवधपुरी नजदीक होंने से आप लोगों ने चातुर्मास और गुरु समागम का नियमित आनंद लिया है। सन्त-समागम उन्होंने कहा आचार्य गुरुदेव मूकमाटी में कहते है कि”सन्त-समागम की यही तो सार्थकता है,संत बने या न बने संसार का अन्त दिखने लगता है” उन्होंने कहा कि धार्मिक क्रिआओं और संत समागम से यदि हमारे संस्कार और आचरण में परिवर्तन नहीं आया तो हमारी सभी धार्मिक क्रियायें और संतों का सानिध्य शून्य हो जाऐगा! मुनि श्री ने कहा आजकल क्रिआओं को तो प्रमुखता देते हें लेकिन भावों को गौण कर देते है, जबकि “धर्म का उद्देश्य अच्छीसोच, अच्छे विचार, और अच्छी भावना का होंना चाहिये जिससे हमारा मन हल्का रह सके,उन्होंने कहा कि यदि जीवन को अच्छा बनाना चाहते हो तो अपने मन के भीतर उतरो, और आत्मोनुखी दृष्टि को जगाइये तभी आपकी धार्मिक क्रियायें जिसमें पूजन प्रवचन और स्वाध्याय, जाप,वृत उपवास करना सार्थक हो, उन्होंने कहा कि आप लोग अच्छे भावों के साथ सभी क्रिआओं की शुरूआत करते हो लेकिन कभी कोई विपरीत निमित्त आया कि तुरंत करंट लग जाता है,तथा भावधारा बदल जाती है जैसे कंही विजली के नंगे तार को छू लिया हो,अपने भावों के तारों में सही समझ का इंशोलेसन चड़ाकर रखो जिससे निमित्त कैसा भी आऐ आप स्पार्किंग से बच सको। सम्यक् दर्शन उन्होंने कहा कि आप लोग पूजा पाठ वृत उपवास खूव कर रहे हो यह अच्छी बात है,”सम्यक् दर्शन के अभाव में कोई भी क्रिया कार्यकारी नहीं होती” आप ऊपर से कितने ही बदल जाओ अपने आपको धर्मात्मा बना लो लेकिन यदि अंदर से भाव विचार और व्यवहार पवित्र नहीं हुये तो आपका उद्धार संभव नहीं, उन्होंने कहा कि आप धर्मिक क्रियायें कर रहे हो यह अच्छी बात है,लेकिन धर्म के मर्म को समझो धर्म का मर्म समझोगे तभी आपका कर्म सुधरेगा अन्यथा धर्मी के रुप में आपकी यह पहचान कोरी आत्ममुग्धता है, उन्होंने मूल में भूल की बात करते हुये कहा अपने मन को समझाइए जो पल में रूठ जाता है,तो पल में उचट जाता है,और पल में भड़क जाता है इसको तभी सम्हाल सकते हो जब आप केन्द्र में आत्मा को स्थिर रख कर जीने का अभ्यास करोगे तथा आत्मज्ञान से अपने आपको शुद्ध करोगे तो आप अपने लक्ष्य और पुरुषार्थ को जगा पाओगे और छोटी छोटी बातों से बच जाओगे इसलिये संत कहते है कि अपने भाव को सम्हालो और अपने स्वभाव को पहचानो कि “में कौन हुं”? मुनि श्री ने एक उदाहरण के माध्यम से समझाया कि जैसे आप एक जिम्मेदार नागरिक होंने के नाते आपकी इच्छा कभी अपराध या गलत कार्य करने की नहीं होती हमेशा आपको अपनी छवि की याद रहती है कि यह कार्य मेरी छवि के अनुरुप नहीं है, उसी प्रकार जब आपको अपने स्वरूप का वोध हो जाऐगा कि यह कार्य मेरे खानदान मेरे कुल,मेरे धर्म के अनुकूल नहीं है,यह वोध आपके जीवन में संयम लाता है और जैसे जैसे यह वोध और गहरायेगा कि”में एक शुद्ध आत्मा हूं” अंतरंग में यह धारा विकसित हो जाऐगी तथा भटकाव समाप्त होकरभाव विशुद्धिआ जाऐगी तथा जीवन व्यवहार परिवर्तित हो जाऐगा।

DRM Bhopal: रेलवे स्टेशन के लिलेन लांड्री और बेस किचन का किया औचक निरीक्षण

DRM Bhopal

DRM Bhopal Conducted a surprise inspection of railway station भोपाल। मंडल रेल प्रसाशन भोपाल यात्री सुविधाओं को बेहतर करने की दिशा में लगातार सकरात्त्मक कदम उठा रहा है। इसी कड़ी में डीआरएम भोपाल पंकज त्यागी ने संबंधित अधिकारियों के साथ छठ पूजा पर यात्री भीड़ प्रबंधन की समुचित व्यवस्थाओं के भोपाल रेलवे स्टेशन पर औचक निरीक्षण किया। टिकट चेकिंग, सुरक्षा एवं यात्री सुविधाओं पर विशेष फोकस करने के लिए संबंधित को निर्देशित किया। यात्रियों को स्वच्छ बेडरोल त्यागी ने इसके अतिरिक्त मंडल के लिलेन लांड्री, आईओएच, कोचिग डिपो आईआरसीटीसी बेस किचन का भी निरीक्षण किया। डीआरएम द्वारा लांड्री में लीलेन की स्वच्छता और गुणवत्ता युक्त बेडरोल की जाँच की गई साथ ही ट्रेनों में यात्रियों को साफ, स्वच्छ और उच्च गुणवत्ता वाले बेडरोल प्रदान करने के निर्देश दिए साथ ही मैकेनाइज्ड लॉन्ड्री में धुलाई और इस्त्री प्रक्रिया की भी जाँच की ताकि यात्रियों को स्वच्छ बेडरोल देकर उनकी आरामदायक, हाइजीनिक और सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित की जा सके। जाँच संतोषजनक आईओएच डिपो में यात्री कोचों की ओवर हालिंग कार्यप्रणाली का विधिवत निरीक्षण किया साथ ही कोचिंग डिपो का भी औचक निरीक्षण किया।तत्पश्चात भोपाल में आईआरसीटीसी के बेस किचन का निरीक्षण किया एवं में गुणवत्तायुक्त भोजन उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया बेस किचन की साफ-सफाई की भी जाँच की संतोषजनक पाया। इस निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया, वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर (कोचिंग) आर पी खरे सहित अन्य संबंधित विभाग के अधिकारीगण मौजूद रहे।

Bhopal News: शास्त्रीय रागों से सजी सुरों की साधना, रवीन्द्र भवन में संगीत समारोह

Music festival at Rabindra Bhavan

Music festival at Rabindra Bhavan adorned with classical ragas भोपाल। शरद ऋतु की मृदुल संध्या, रवींद्र भवन के अंजनी सभागार में सुरों की ऐसी अनूठी बयार लेकर आई जिसने वातावरण को माधुर्य और साधना के रंगों से सराबोर कर दिया। अवसर था शुक्रवार को ठाकुर हरिश्चंद्र सिंह संगीत समारोह के आयोजन का। ठाकुर हरिश्चंद्र सिंह संगीत कला समिति, भोपाल की ओर से आयोजित समारोह में वरिष्ठ तबला वादक पंडित किरण देशपांडे, उस्ताद अलाउद्दीन खां संगीत एवं कला अकादमी के उप निदेशक शेखर करहाड़कर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ बाल कलाकारों की प्रस्तुतियों से हुआ। बैतूल की प्रतिभाशाली बाल कलाकार लवी देशमुख ने अपने मधुर स्वरों में शास्त्रीय गायन प्रस्तुत कर सभा का मन मोह लिया। वहीं इंदौर की रेवा भदौरिया ने वायलिन वादन में अपनी सधे हुए सुरों की नाजुक बुनावट से वातावरण को भावमय बना दिया। इन प्रस्तुतियों में तबले पर यशवी देशमुख ने कुशल संगत की और समूचे सभागार को शास्त्रीय संगीत की शुद्धता से परिचित कराया। जोगी गाये अब राग सरस्वती को… मुख्य प्रस्तुतियों का आरंभ कर्नाटक के प्रख्यात कलाकार पंडित ईमान दास के शास्त्रीय गायन से हुआ। उन्होंने राग सरस्वती को केंद्र में रखकर अपने गायन की शुरुआत की और झूमरा ताल में बंदिश “जोगी गाये अब राग सरस्वती को…” प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इसके पश्चात उन्होंने झपताल में मध्यलय की बंदिश “नमो विद्या दायिनी…” को गहराई और निपुणता के साथ प्रस्तुत किया। प्रस्तुति के क्रम को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने तीनताल में एक और बंदिश गाई, जिसके उपरांत कर्नाटक शैली में एकताल में निबद्ध कृति “सरस्वती नमो स्तुतै…” ने श्रोताओं को दक्षिण और उत्तर भारतीय संगीत परंपराओं के अद्भुत समागम का अनुभव कराया। समापन उन्होंने पटियाला घराना की ठुमरी से किया, जिसने सभागार में रस, राग और भाव की त्रिवेणी प्रवाहित कर दी। तबले पर अंशुल प्रताप सिंह की संगत ने इस प्रस्तुति में अद्भुत संतुलन और ताल का सौंदर्य जोड़ा। संतूर के झंकार से सजी संध्या इसके उपरांत भोपाल के युवा कलाकार सत्येंद्र सिंह सोलंकी ने संतूर वादन की प्रस्तुति से श्रोताओं को राग विहाग के सौंदर्य से परिचित कराया। उन्होंने पहले आलाप-जोड़-झाला प्रस्तुत करते हुए संतूर की गूंज को स्वर-संवाद में बदला, फिर झपताल, मध्यलय और द्रुत तीनताल में रचनाएं प्रस्तुत कीं। संतूर की महीन झंकार और तबले पर अंशुल प्रताप सिंह की सधी हुई संगत ने वातावरण को ऊंचाई प्रदान की। गुंदेचा बंधुओं के ध्रुपद से हुआ समापन संगीत सभा का समापन विश्वप्रसिद्ध ध्रुपद गायक पद्मश्री उमाकांत गुंदेचा और अनंत गुंदेचा के दिव्य गायन से हुआ। उन्होंने राग बागेश्री में पारंपरिक आलाप-जोड़-झाला प्रस्तुत करते हुए चौताल में ध्रुपद “आए रघुवीर धीर अयोध्या नगर को…” का गायन किया। इस प्रस्तुति में शास्त्रीय अनुशासन और भक्ति भाव की ऐसी संगति थी कि पूरा सभागार भक्ति और संगीत के एकात्म भाव से भर गया। प्रस्तुति का समापन कलाकारों ने राग चारुकेशी में कबीरदासजी के पद “झीनी झीनी चदरिया…” से किया, जिसने संगीत प्रेमियों के हृदय में गूंज छोड़ दी। विभूतियों का हुआ सम्मान समारोह के दौरान भारतीय शास्त्रीय संगीत की प्रतिष्ठित विभूतियों पद्मश्री पंडित उमाकांत गुंदेचा, अनंत गुंदेचा, पंडित अखिलेश गुंदेचा, पंडित अनूप शर्मा और पंडित गौतम काले को संगीत के क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

Rojgar Mela: युवाओं को नियुक्ति पत्र, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी बधाई

Rojgar Mela

Rojgar Mela Appointment letters to youth Prime Minister Narendra Modi congratulated भोपाल।  डाक विभाग, भारत सरकार द्वारा आज 17वें “रोजगार मेला” का आयोजन किया गया। इस मेले में विभिन्न केंद्रीय कार्यालयों जैसे डाक विभाग, रेल मंत्रालय, गृह मंत्रालय, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, एम्स, गृह विभाग जैसे विभागों एवं केंद्र सरकार के विभिन्न सार्वजनिक उपक्रमों के लिए देशभर में चयनित 51 हज़ार से अधिक अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर भोपाल में आयोजित इस मेले में विभिन्न केंद्रीय विभागों और उपक्रमों के 248 चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। नियुक्ति नहीं बल्कि देश सेवा भोपाल सहित 40 शहरों में आयोजित इस मेले का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश के माध्यम से किया गया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अभ्यर्थियों और उनके परिवार को बधाई देते हुए कहा कि ‘यह नियुक्ति नहीं बल्कि देश सेवा करने का अवसर है। उन्होने आशा व्यक्त की कि आप ईमानदारी तथा ‘नागरिक देवो भवः’ के लक्ष्य को ध्यान में रखकर कार्य करेंगे तथा विकसित भारत के सपने को साकार करेंगे।’ प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्तमान में भारत विश्व में सबसे बड़ा युवा देश है और इन मेलों के माध्यम से अब तक लगभग 11 लाख से अधिक युवाओं को भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों एवं विभागों में रोजगार प्रदान किया गया है। विभाग का नाम ऊँचा करें इस अवसर पर आलोक शर्मा सांसद, भोपाल संसदीय क्षेत्र;  मालती राय महापौर नगर निगम भोपाल; रामेश्वर शर्मा विधायक, हुज़ूर भोपाल; भगवनदास सबनानी विधायक भोपाल दक्षिण पश्चिम भी उपस्थित थे। आलोक शर्मा सांसद, भोपाल संसदीय क्षेत्र ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि ‘यह रोजगार मेला प्रधानमंत्री जी के दूरदृष्टि का परिणाम है। नवनियुक्त कर्मचारी ईमानदारी से कार्य करें और अपने विभाग का नाम ऊँचा करें। मनोयोग से जनता की सेवा इससे पूर्व सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए पोस्टमास्टर जनरल ब्रजेश कुमार ने कहा कि आज अभ्यर्थियों को जिन विभागो में सेवा हेतु नियुक्ति पत्र प्रदान किए जा रहे है वे सभी विभाग जनसेवा से सीधे जुड़े हुए विभाग है और अभ्यर्थियों को सीधे जनता की सेवा करने का अवसर मिलेगा, अतः मेरा अनुरोध है कि आप सभी पूरे मनोयोग से जनता की सेवा करें। अंत में पवन कुमार डालमिया, निदेशक डाक सेवाएं के धन्यवाद प्रस्ताव के पश्चात मेला सम्पन्न हुआ ।

Muni Shri Pramansagar: आलोचात्मक शव्दों के प्रयोग से बात और विगड़ती है

Muni Shri Pramansagar

Muni Shri Pramansagar Use of critical words makes matters worse भोपाल। “आरोप परख,आलोचात्मक,अपमान जनक आदेशात्मक इन चार सूत्रों का ध्यान रखते हुये यदि आप अपने बचनों का ध्यान रखेंगे तो आप विनम्रता की प्रतिमूर्ति कहलायेंगे” उपरोक्त उदगार मुनि श्री प्रमाणसागर महाराज ने व्यक्त किये। प्रवक्ता अविनाश जैन विद्यावाणी ने बताया शनिवार को प्रातः6 बजे मुनिसंघ का मंगलविहार पिपलानी दि. जैन मंदिर होते हुये सोनागिरि कालोनी की ओर होगा तथा प्रातःकालीन मंगल प्रवचन एवं आहार चर्या उपरांत वापिस अवधपुरी लौट आऐंगे एवं सांयकालीन शंकासमाधान होगा रविवार को प्रातः8:30 बजे प्रवचन के उपरांत विद्याप्रमाण गुरुकुलम् टीम द्वारा आमंत्रित करते हुये भोपाल जैन समाज बंधुओं के साथ 10:30 बजे से दीपावली मिलन समारोह रखा गया है तथा सभी के लिये भोजन व्यवस्था की गई है। अप्रिय बात मत करो मुनि श्री ने कहा पूंछतांछ किये बिना सीधे सीधे आरोपात्मक भाषा का प्रयोग कभी नहीं करना चाहिये जो बात आपको अच्छी नहीं लगती वह बात दूसरों को भी अच्छी नहीं लगेगी, कोई भी घटना घटे तो तुरंत अप्रिय बात मत करो उसे भी अपनी बात रखने का अवसर दीजिये, गलत का प्रतिकार गलत तरीकों से नहीं हो सकता है,दूसरा है “आलोचात्मक शव्दों का प्रयोग” न करते हुये उसे गल्ती का अहसास कराओ आलोचात्मक शव्दों के प्रयोग से बात और विगड़ेगी और वह आलोचना सुनकर आपसे दूर हो जाऐगा, उदाहरण के लिये मान लीजिये घर में पत्नी या बहु ने सब्जियां बनाई और मिर्च ज्यादा हो गयी तो सीधे सीधे वह बात न कहते हुये कह दो कि खाना बहुत अच्छा बना है,पर आज खाना बनाते समय शायद मन इधर उधर भटक गया होगा इसलिये मिर्ची ज्यादा हो गई, इससे आपने अपनी बात भी कह दी और उसे बुरा भी नहीं लगा इसीलिए कहा गया है कि “अच्छा देखोगे और अच्छा बोलोगे तभी अच्छा होगा,बुरा वोलने बाले के कभी अच्छे परिणाम नहीं निकलते, बोलचाल में तो सदैव अमीरी झलकना चाहिये संसार में जितने भी अमीर और अच्छे लोग है उनकी वाणी में सहजता और विनम्रता झलकती है,भले ही आप अमीर न भी हों लेकिन बोलचाल में गरीब क्यों बनते हो? देश की संस्कृति है मुनि श्री ने कहा कि भले ही आपका वह कर्मचारी हो या डिराईबर यदि आप उससे जी लगाकर बात करेंगे तो उसे भी अच्छा लगेगा और वह और अच्छे से कार्य को करेगा उन्होंने कहा एक बात सदैव ध्यान रखना कि “मान दैने से ही मान मिलता है,तथा अपमान करने वाला स्वतःअपमानित होता है” मुनि श्री ने कहा कि किसी को भी छोटा या तुच्छ मानकर ब्यव्हार मत करो जिससे कोई अपने आपको अपमानित महसूस करें कभी कभी अपमान करने से ऐसी गांठ वन जाती है,जो कि सर्वनाश का कारण वनती है मुनि श्री ने कहा कि यह तो हमारे देश की संस्कृति है कि अपने से बड़ों को जी लगाकर तथा सम्मान सहित बोलने से सभी को अच्छा लगता है। कोई भी कार्य हो किसी के साथ आदेशात्मक भाषा के साथ उपयोग न करें।

Yoga: मन और शरीर विकार मुक्त सोहम योग … आर्यिका विश्वयशमति माताजी

Soham Yoga free

Soham Yoga free from disorders of mind and body Aryaka Vishwayashmati Mataji भोपाल।आध्यात्मिक चेतना का नव संचार सोहम योग अपनी आंतरिक चेतना को आदि आध्यात्मिक चेतना से जोड़ने का सरल उपाय सोहम् योग। मन और शरीर को तनाव रहित करके शांति प्रदान करने के साथ-2 प्रकृति से जुड़ने का यह माध्यम सोहम् योग वर्तमान परिवेश में मानसिक दबाव में शारीरिक स्वास्थ्य सामंजस को लेकर सोहम योग घर-घर स्वदेशी तथा पर्यावरण संरक्षण एवंस्वच्छ भोपाल को लेकर एक अभियान सृष्टि भूषण माताजी विश्वयशमति माताजी द्वारा मंगलवारा मंदिर कमेटी एवं दिगंबर जैन महासभा के संयुक्त तत्वाधान में सर्व समाज हेतु सर्व समाज के लिए हुआ सुबह वोट क्लब पर सोहम योग आर्यिका रत्न सृष्टि भूषण माताजी के परम सानिध्य में विश्वयशमती माता जी के निर्देशन में हुआ। स्वास्थ्य एवं मानसिक चेतना कार्यक्रम में आदित्य जैन मनिया एवं दिगंबर जैन महासभा के अध्यक्ष संजय जैन मुंगावली ने बताया सुबह सृष्टि भूषण माताजी संसंघ मंगलवारा जैन मंदिर से प्रस्थान करके वोट क्लब पहुंची। उनके साथ समाजजन महिला बच्चे बहु मंडल महिला मंडल बैय्या वृत्ति समिति जिनवाणी समिति के सभी लोग थे। पदयात्रा निकालूंगा कार्यक्रम को लेकर जैन समाज में उत्साह था उल्लेखनीय है कि श्रृष्टि भूषण माताजी सामाजिक एवं राष्ट्र हित के विषय को लेकर हमेशा जनहित के कार्यों निरंतर समाज को दिशा निर्देशित करती रहती है। कार्यक्रम में भोपाल सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि स्वच्छता एवं पर्यावरण को लेकर आर्यिका माता का यह अभियान निश्चित तौर पर सराहनीय है। बड़े तालाब संरक्षण के लिए मैं हमेशा तत्पर हु जल्दी ही पदयात्रा निकालूंगा दक्षिण पश्चिम विधायक भगवान दास सबनानी जी ने कहा कि आर्यिका संघ के समाज और एवं राष्ट्रहित के कार्यों से में अभीभूत समाज के साथ हूं एवं योग और स्वच्छता तथा पर्यावरण संरक्षण हमारी नैतिक आवश्यकता है जैन समाज की पहल का स्वागत है । योग क्रियाएं करवाई कार्यक्रम में प्रमोद जैन हिमांशु पंकज जैन सुपारी विजय श्वेता सतीश शीतल डॉ अनुराग मनोज मन्नू राकेश अनुपम पदम सर्वज्ञ शैलेंद्र जैन माया नरेंद्र वर्धमान इंद्रजीत सिंह राजपूत संजय जैन खाली चुन्नी पंकज जैन दीपेश जैन टेलर रोहन जैन प्रयास जैन जयेश जैन पिंटू जैन सहित बहू मंडल भक्त मंडल भैया वृत्ति समिति जिनवाणी समाज उपस्थित रही। योगाचार्य अशोक जैन और राजीव जैन त्रिलोक ने योग क्रियाएं करवाई।

Bhopal News: एम्स में कार्बाइड गन से घायल बच्चों का हाल जानने पहुँचे अधिकारी, सभी का नि:शुल्क उपचार जारी

children injured by carbide guns

Officials arrived at AIIMS to inquire about condition of children injured by carbide guns भोपाल। दीपावली पर्व के दौरान प्रतिबंधित पटाखों और कार्बाइड गन के उपयोग से घायल हुए बच्चों का हाल जानने आज प्रातः 11 बजे प्रशासनिक टीम एम्स अस्पताल पहुँची। मध्यप्रदेश शासन एवं जिला प्रशासन के निर्देशानुसार अनुविभागीय अधिकारी राजस्व (एमपी नगर), तहसीलदार, नायब तहसीलदार (एमपी नगर) तथा सीएसपी कश्यप ने अस्पताल पहुँचकर घायलों की स्थिति का जायजा लिया। ऑपरेशन सफल अस्पताल में उपस्थित डॉ. विवेक एवं उनकी टीम ने बताया कि एम्स में कुल 10 बच्चे उपचाररत हैं, जिनमें 8 बच्चे कार्बाइड गन से तथा 2 बच्चे सुतली बम से घायल हुए हैं। इनमें से 5 बच्चों की आँखों का ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया जा चुका है, जबकि 3 बच्चों का ऑपरेशन आज होना प्रस्तावित है। अधिकारियों ने घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और परिजनों से बातचीत कर हरसंभव सहायता का भरोसा दिया। सर्वोत्तम चिकित्सकीय सुविधा डॉ. विवेक ने बताया कि सभी बच्चों का उपचार निशुल्क किया जा रहा है तथा उन्हें सर्वोत्तम चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। घायल बच्चों में कार्तिक (14 वर्ष, सोहागपुर नर्मदापुरम), आशीष मालवीय (17 वर्ष, मिसरोद भोपाल), युवराज पाल (11 वर्ष, सोडानिया बुधनी सीहोर), सत्येंद्र गुर्जर (17 वर्ष, ग्वालियर), दीपेश मालवीय (12 वर्ष, बैरसिया भोपाल), राहुल अहिरवार (25 वर्ष, कोकता बायपास भोपाल), सार्थक गौर (15 वर्ष, ओबैदुल्लागंज रायसेन) और ऋतिक अहिरवार (8 वर्ष, धोबीखेड़ा शमशाबाद विदिशा) शामिल हैं। वहीं सुतली बम से घायल अन्नू मालवीय (14 वर्ष, आशिमा मॉल के पास भोपाल) और शुभ मित्तल (16 वर्ष, भोपाल) का भी उपचार जारी है। बिक्री पर कड़ी निगरानी जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दीपावली पर्व के दौरान प्रतिबंधित पटाखों और कार्बाइड गन की बिक्री व उपयोग पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। प्रशासन ने जनता से अपील की है कि वे सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल दीपावली मनाएँ तथा बच्चों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखें।